गेटवे ऑफ इंडिया – Gateway of India Information in Hindi


गेटवे ऑफ इंडिया - Gateway of India Information in Hindi

Image Credit: Pixabay

 

भारत में बहुत सारे ऐसे स्मारके हैं जो कि दर्शकों से लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रही हैं | और इन्हीं ऐतिहासिक स्मारकों में से एक हैं गेटवे ऑफ इंडियाGateway of India Information in Hindi |

 

Gateway of India Information in Hindi – Essay on Gateway of India in Hindi

 

  1. मुंबई में स्थित Gateway of India Art शेप में बनाया गया मॉन्यूमेंट है |
  2. अंग्रेजों के समय पर बड़े-बड़े ब्रिटिश अफसर के स्वागत और पानी के जहाजों की लैंडिंग के लिए बनाया गया था |
  3. तो चलो Gateway of India Information in Hindi में देखते है |
  4. गेटवे ऑफ इंडिया मुंबई की सबसे अहम Tourist अटेंशंस में से एक है |
  5. क्यों कि कोई भी व्यक्ति अगर Mumbai आता है तो वह एक बार तो Gateway of India की खूबसूरती को देखने का भी प्रयास जरुर करता है |
  6. लेकिन क्या आपको पता है इस मार्ग को बनाने की शुरुआत कब और कैसे की गई थी?
  7. मेरे ख्याल से आप सभी में से ज्यादातर लोगों को इसके बारे में पता नहीं होगा |
  8. लेकिन भारत की आजादी के पहले ही करीब 1911 में पहली बार इसके निर्माण योजना की शुरुआत हुई थी |
  9. Gateway of India Information in Hindi एक बहोत ही सुंदर और शानदार प्लेस है जहा पर आराम जैसा फील होता है। 
  10. तो चलो देखते है History of Gateway of India in Hindi and Interesting Facts about Gateway of India in Hindi |

 

गेटवे ऑफ़ इंडिया का इतिहास – Gateway of India History in Hindi

 

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  • आप लोकोने ये तो पढ़ा  कि गेटवे ऑफ इंडिया को बनाने की योजना 1911 में पहली बार बनाई गई थी |
  • क्यों की  United Kingdom के राजा जॉर्ज भाई और क्वीन मैरी भारत यात्रा पर उसी रास्ते से ही गुजर कर आने वाले थे |
  • हालां कि राजा के आने तक गेटवे ऑफ इंडिया तैयार तो नहीं हो सका था |
  • लेकिन उन्हें इस मॉन्यूमेंट का कार्ड बोर्ड मॉडल दिखाया गया था |
  • 2 साल के बाद 31 मार्च 1913 में उस वक्त मुंबई के गवर्नर जॉर्ज प्लाटनेस मॉन्यूमेंट की नींव रख दी थी |
  • वैसे इस मॉन्यूमेंट के बनने से पहले इस जगह का इस्तेमाल मछुआरों के द्वारा मछली पकड़ने के लिए किया जाता था |
  • लेकिन जब गेटवे ऑफ इंडिया को बनाने की योजना को मंजूरी मिल गई |
  • तब इस जगह को मछुआरों से ले लिया गया |
  • और फिर 1913 में ही नींव रख दी |
  • इस स्मारक को बनाने की शुरुआत 1920 में जाकर हुई |
  • जिसका काम अगले चार सालों यानी कि 1924 तक चलता रहा |
  • और फिर गेटवे ऑफ इंडिया को 4 दिसंबर 1924 को उस वक्त के वायसराय रहे रुपस इसहार्क के द्वारा लोगों के लिए खोला गया |
  • और तभी से लेकर अब तक ये मुंबई के आकर्षण का मुख्य केंद्र बना हुआ है |
  • गेटवे ऑफ इंडिया के बनने के बाद से यह भारत का मुख्य Entry Point बन गया |
  • जहां से बहुत सारी बड़ी-बड़ी हस्तियां भारत आती थी |
  • और यहां तक कि जब 1947 में देश आजाद हुआ और ब्रिटिश राज्य खत्म हुआ था |
  • तब अंग्रेज गेटवे ऑफ इंडिया से ही होते हुए बाहर गए थे |

 

गेटवे ऑफ़ इंडिया के रोचक तथ्य – Interesting Facts about Gateway of India in Hindi

 

  1. सपनों का शहर मुंबई सिर्फ इसलिए नहीं कहलाता क्यों कि यह बॉलीवुड का शहर है |
  2. बल्की यहां पर्यटकों के लिए भी कई आकर्षक केंद्र हैं |
  3. मुंबई के प्रसिद्ध आकर्षक केंद्रों में से एक मुंबई की शान गेटवे ऑफ इंडिया यहां का सबसे प्रसिद्ध आकर्षक केंद्र है |
  4. गेटवे ऑफ़ इंडिया को जब UK के राजा जॉर्ज भाई और क्वीन मैरी भारत आने वाले थे तभी बनाने का प्रयास किया था |
  5. लेकिन 1911 में गेटवे ऑफ़ इंडिया का काम पूरा नहीं हुआ था |
  6. गेटवे ऑफ़ इंडिया का काम सन 1924 में जाकर पूरा हुआ |
  7. ब्रिटिश सरकार जब भारत छोड़कर गई तो उनके जहाज गेटवे ऑफ़ इंडिया से ही गए |
  8. गेटवे ऑफ़ इंडिया को स्कॉटिश आर्किटेक्ट जॉर्ज विटेक ने डिजाइन किया था |
  9. गेटवे ऑफ इंडिया को मुंबई के ताजमहल के रूप में संबोधित किया जाता है |
  10. Gateway of India मुंबई के Tourism की सबसे पसंदीता जगह है |
  11. गेटवे ऑफ इंडिया बनाने में करीब २१ लाख का खर्च आया था |
  12. Gateway of India बनाने से पहले यह मछुआरोंका केंद्र था |
  13. बाद में ब्रिटिश सरकार ने उसे गेटवे ऑफ़ इंडिया के लिए इस्तेमाल किया |
  14. गेटवे ऑफ़ इंडिया भारत के ताज होटल के ठीक सामने है |

 

गेटवे ऑफ इंडिया – Design and Architecture in Hindi

 

  • अगर हम बात करें गेटवे ऑफ इंडिया के आर्किटेक्चर के बारे में तो स्कॉटिश आर्किटेक्ट जॉर्ज विटेक ने डिजाइन बनाया था |
  • और उन्होंने रोमन और गुजरात की 16वीं शताब्दी के आर्किटेक्चर उसको कंबाइन करके इस मॉन्यूमेंट को डिजाइन किया था |
  • और साथी इस स्मारक में इस्लामिक आर्किटेक्चर की भी झलक है जिसे की इंडो सारसेनिक कहा जाता है |
  • गेटवे ऑफ इंडिया पीले बेसाल से बना हुआ है |
  • इसको मजबूती देने के लिए कंक्रीट का भी काफी इस्तेमाल किया गया था |
  • और इन सब के अलावा मुंबई लोकल से भी कुछ पत्थरों और ग्वालियर से भी चीजों को मंगवाया गया था |
  • और जब गेटवे ऑफ इंडिया 1924 में बनकर तैयार हो गया तब इसकी ऊंचाई 26 मीटर यानी कि लगभग 50 फीट की थी |
  • वह इसके गुंबद का व्यास 15 मीटर यानी कि 49 फीट के आसपास है |
  • और Art के तरह बड़े बड़े हॉल भी बने हुए हैं जिसमें की एक साथ 600 लोग आ सकते हैं |
  • उस समय भी इसे बनाने में करीब ₹21 लाख  का खर्च आया था जिसे कि भारतीय सरकार ने ही चुकाया किया |
  • और काफी फेमस Elephanta गुफा भी गेटवे ऑफ इंडिया की काफी पास मौजूद है |
  • जिसकी वजह से यहां पर आने वाले टूरिस्ट बड़ी आसानी से मोटर बोट की मदद से दोनों जगहों पर घूम सकते हैं |
  • और आज के समय में अगर देखा जाए तो गेटवे ऑफ इंडिया भारतीय इतिहास का एक अहम हिस्सा है |
  • और इसी वजह से इसको मुंबई का ताजमहल भी कहा जाता है |

 

FQA related to Gateway of India

1. गेटवे ऑफ़ इंडिया कहा है ?

गेटवे ऑफ़ इंडिया मुंबई में स्थित है।

2. गेटवे ऑफ इंडिया की स्थापना कब हुई थी?

31 मार्च १९१३ में गेटवे ऑफ़ इंडिया की स्थापना हुई थी।

3. गेटवे ऑफ़ इंडिया किसने बनवाया था?

रुपस इसहार्क ने बनवाया था।

 

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Gateway of India Images

 

1. गेटवे ऑफ इंडिया – Gateway of India Information in Hindi

गेटवे ऑफ़ इंडिया

 

2. गेटवे ऑफ इंडिया

गेटवे ऑफ इंडिया - Gateway of India Information in Hindi

 

 

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